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किसानों को तोहफा

उत्तर प्रदेश सरकार के ऐलान से किसानों में खुशी की लहर

उत्तर प्रदेश सरकार के ऐलान से किसानों में खुशी की लहर

उत्तर प्रदेश कृषकों के लिए सरकार ने घर बैठे मिलेट्स की फसल को विक्रय करने की सुविधा को मंजूरी प्रदान कर दी है। राज्य के किसान नीचे दी गई जानकारी के अनुरूप रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को पूर्ण कर सकते हैं। कृषक भाइयों को उनकी फसल का उचित भाव दिलाने के लिए सरकार ने न्यूनतम समर्थन मूल्य को चालू किया, जिसमें करोड़ों किसानों को फायदा भी मिला है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश के किसान भाई जो मोटे अनाज का उत्पादन करते हैं, उन्हें भी उनकी फसल का समुचित फायदा पहुंचाने के लिए MSP की खरीद चालू कर दी है। आपकी जानकारी के लिए बतादें, कि उत्तर प्रदेश में पहली बार न्यूनतम समर्थन मूल्य मतलब कि MSP की खरीद पर ज्वार, बाजरा, मक्का से किसानों को लाभ पहुंचेगा। कहा जा रहा है, कि इस काम के लिए सरकार ने रजिस्ट्रेशन कार्य भी आरंभ कर दिए हैं। जिससे किसानों को वक्त पर इसका पूर्ण फायदा मिल सके।

जानिए मिलेट्स की यह फसलें कितने में बिकेंगी

खबरों के अनुसार, किसान अपनी फसल को सही भाव पर बेच सकते हैं। मक्का (Maize ) - 2090 /- प्रति क्विंटल, बाजरा (Millet) - 2500 /- प्रति क्विंटल, ज्वार (हाइब्रिड) - 3180 /- प्रति क्विंटल, ज्वार (मालदाण्डी) - 3225 /- प्रति क्विंटल

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इस प्रकार रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पूरी करें

बतादें कि यदि आप उतर प्रदेश के किसान हैं और आपने धान की बिक्री करने के लिए पंजीकरण नहीं किया है, तो आप खाद्य एवं रसद विभाग की वेबसाइट fcs.up.gov.in अथवा विभाग के मोबाइल एप UP KISHAN MITRA से रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को पूर्ण करें। बतादें, कि फसलों की रजिस्ट्रेशन की यह प्रक्रिया 1 अक्टूबर से 31 दिसंबर, 2023 तक कर सकते हैं। ख्याल रहे कि विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन करने का वक्त प्रातः 9 बजे से लगाकर शाम 5 बजे तक हैं। वहीं, इस संदर्भ में ज्यादा जानकारी के लिए आप चाहें तो सरकार के द्वारा जारी किए गए टोल फ्री नंबर- 1800 1800 150 पर कॉल कर संपर्क साध सकते हैं।

पंजीकरण के लिए आवश्यक कागजात

बतादें, कि यदि रजिस्ट्रेशन के दौरान आपका कोई भी कागजात सही नहीं पाया जाता है, तो आप इस सुविधा का फायदा नहीं उठा पाएंगे। आपकी रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को भी निरस्त कर दिया जाएगा। इस वजह से जब आप रजिस्ट्रेशन कर रहे हैं, उस वक्त अपने सही व आवश्यक कागजात को ही दें। जैसे कि- किसान समग्र आई डी नंबर, ऋण पुस्तिका, आधार नंबर, बैंक खाता नम्बर, बैंक का आईएफएससी कोड और मोबाइल नंबर इत्यादि।

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किसान मिलेट्स की फसल इन जगहों पर बेच सकते हैं

उत्तर प्रदेश के कृषक भाई अपने घर बैठे ऑनलाइन ढ़ंग से विभिन्न जनपदों में अपनी फसल की बिक्री कर सकते हैं। चंदौली, बलिया, मिर्जापुर, भदोही, जालौन, चित्रकूट, बाँदा, प्रयागराज, कौशाम्बी, फतेहपुर, बांदा, चित्रकूट, हमीरपुर, महोबा, कानपुर देहात, कानपुर शहर, प्रयागराज, फतेहपुर, कौशाम्बी, प्रतापगढ़, जौनपुर, गाज़ीपुर, रायबरेली, सीतापुर, उन्नाव, हरदोई, सुलतानपुर, अमेठी, मिर्जापुर, जालौन, अयोध्या, वाराणसी, प्रतापगढ़, बुलंदशहर, गौतमबुद्ध नगर, बरेली, बदायूं, शाहजहांपुर, मुरादाबाद, रामपुर, संभल, अमरोहा, अलीगढ, कासगंज, एटा, हाथरस, आगरा, मथुरा, मैनपुरी, फिरोज़ाबाद, सीतापुर, हरदोई, उन्नाव, कानपुर नगर, कानपुर देहात, इटावा, औरैया, कन्नौज, फरुखाबाद, वाराणसी, जौनपुर और गाजीपुर आदि बहुत सारे जिले हैं।
ओलावृष्टि से पीड़ित किसानों को मुफ्त बिजली और मुआवजा देगी योगी सरकार

ओलावृष्टि से पीड़ित किसानों को मुफ्त बिजली और मुआवजा देगी योगी सरकार

किसानों की जिंदगी में बहुत सारे उतार चढ़ाव आते हैं। फिर भी किसान देश का पेट भरने के लिए हर कष्ट को सहते हुए अन्न पैदा करता है। उत्तर प्रदेश में इस बार बेमौसमी बारिश एवं ओलावृष्टि कृषकों पर कहर बनकर टूटी है। 

किसान भाइयों की खेतों में कटाई के लिए खड़ी फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है। कृषकों को ओलावृष्टि के चलते क्षति से सहूलियत दिलाने के लिए प्रदेश की योगी सरकार ने बड़ा ऐलान किया है। 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बारिश और ओलावृष्टि से प्रभावित कृषकों के लिए 23 करोड़ रुपये का मुआवजा जारी करने का फैसला लिया है।

किसानों को राहत देते हुए सरकार ने एडवांस में मुआवजे की इस धनराशि को स्वीकृति किया गया है। मंगलवार (5 मार्च, 2024) को प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हुई केबिनेट बैठक में किसानों के लिए ऐसे ही कई और महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। 

सरकार के इस फैसले से उन किसानों को बड़ी राहत मिलेगी, जिसकी पूरे साल की मेहनत चौपट हो गई है और वे अब नई फसल बुवाई की तैयारी कर रहे हैं।

किसानों को मुफ्त बिजली देने की घोषणा 

कैबिनेट बैठक में मुआवजे के साथ-साथ किसानों को मुफ्त बिजली देने जैसे फैसलों पर मुहर लगाई गई। किसानों को मुफ्त बिजली प्रदान करने के संबंध में भी आदेश जारी किए गए हैं। 

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यह निर्णय योगी सरकार की ओर से किसानों के लिए एक बड़ा तोहफा है। किसानों के पक्ष में यह निर्णय लेकर राज्य सरकार ने बीजेपी के 2022 के संकल्प पत्र का एक और वादा पूरा किया है।

इन जिलों के किसानों को मुआवजा मिलेगा 

योगी सरकार ने जिस मुआवजे की घोषणा की है, उसका फायदा प्रदेश के 9 जनपदों के किसानों को मिलेगा। इनमें चित्रकूट, जालौन, झांसी, ललितपुर, महोबा, सहारनपुर, शामली, बांदा और बस्ती शामिल हैं। 

सरकार ने इन 9 जनपदों के किसानों के लिए एडवांस में मुआवजे के रूप में 23 करोड़ की धनराशि जारी की है। क्योंकि, इन जनपदों में बेमौसमी बारिश एवं ओलावृष्टि से फसलों को प्रचंड हानि हुई है। 

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सरकार ने बांदा के लिए 2 करोड़, बस्ती के लिए 2 करोड़, चित्रकूट के लिए 1 करोड़, जालौन के लिए 5 करोड़, झांसी के लिए 2 करोड़, ललितपुर के लिए 3 करोड़, महोबा के लिए 3 करोड़, सहारनपुर के लिए 3 करोड़ और शामली के लिए 2 करोड़ रुपये की धनराशि मंजूर की है। 

राज्य के अन्य हिस्सों का भी सर्वे करा रही सरकार 

बतादें, कि विगत एक सप्ताह के दौरान उत्तर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में हो रही बारिश और हाल की वृष्टि के कारण एकतरफ तापमान में काफी कमी आ गई। साथ ही, दूसरी तरफ इसका प्रभाव सीधे फसलों पर पड़ा है। 

बीते दिनों भी तेज हवाओं और बारिश से गेहूं, सरसों, चने, आलू सहित विभिन्न फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी अधिकारियों को फसलों की हानि पर सर्वेक्षण करने के निर्देश जारी किए हैं।